पंजाब दस्तक, सुरेंद्र राणा: पंजाब में अगले 2 दिन सभी जिलों में बारिश होगी। मौसम विभाग ने पूरे राज्य में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। बाढ़ की वजह से राज्य में 32 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 3 लोग लापता हैं।
सरकारी प्रवक्ता के मुताबिक अब तक 26 हजार लोगों को बचाया जा चुका है। 148 रिलीफ कैंपों में 3,731 लोग रह रहे हैं। 15 जिलों तरनतारन, फिरोजपुर, फतेहगढ़ साहिब, फरीदकोट, होशियारपुर, रोपड़, पटियाला, मोगा, लुधियाना, मोहाली, नवांशहर, फाजिल्का, जालंधर, कपूरथला और संगरूर बाढ़ से प्रभावित हैं। इनके 1,414 गांवों में बाढ़ का पानी घुसा हुआ है।
वहीं रविवार को पौंग डैम के 5 फ्लड गेट खोल दिए गए हैं। जिनमें से फिलहाल 22700 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। यह पानी सीधा ब्यास में आएगा। जिससे ब्यास का जलस्तर बढ़ने की आशंका है। ब्यास के आसपास के इलाकों को अलर्ट कर दिया गया है।
पंजाब के माझा में भी अब बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। पठानकोट के पास रणजीत सागर डैम का जलस्तर खतरे से 4 मीटर नीचे रह गया है। डैम का पानी 523 मीटर तक पहुंच गया है। जबकि इसका डेंजर लेवल 527 मीटर है। ऐसे में कभी भी फ्लड गेट्स खोले जा सकते हैं।
अगर रणजीत सागर डैम का पानी छोड़ा गया तो आने वाले दिनों में रावी का जलस्तर बढ़ेगा। हालांकि यह पानी सीधा पाकिस्तान पहुंचेगा, लेकिन उससे पहले पठानकोट, गुरदासपुर और अमृतसर के रावी दरिया के साथ लगते गांवों में हालात बिगड़ जाएंगे।
वहीं आज से स्कूल खोलने के बारे में सरकार ने शर्तें लगाई हैं। शिक्षा मंत्री हरजोत बैंस ने सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों के बारे में कहा कि जिनकी इमारत को नुकसान हुआ है या जहां स्कूलों में जलभराव है, वहां छुट्टी का फैसला जिले के DC करेंगे। बाकी स्कूल आज से खुल जाएंगे।
