पंजाब दस्तक, सुरेन्द्र राणा; हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिला में निर्माणाधीन फोरलेन मटोर-शिमला पर आज (12 जून) सुबह 8 बजे से टोल की वसूली शुरू हो गई है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) ने घटा रानीताल के पास टोल प्लाजा बनाया है। बिना फास्ट-टैग वाले वाहनों को डबल चार्ज देना होगा।घटा रानीताल में टोल शुरू होने के बाद इस फोरलेन पर सफर महंगा हो गया है। इसका असर स्थानीय लोगों के साथ साथ कांगड़ा-धर्मशाला के विभिन्न पर्यटन स्थलों पर पहुंचने वाले टूरिस्ट पर भी पड़ेगा। यह फोरलेन हिमाचल की राजधानी शिमला को धर्मशाला से जोड़ता है।हिमाचल से पंजाब के होशियारपुर व जालंधर आने-जाने वाले वाहनों को बी टोल शुल्क भरना होगा।
एनएचएआई ने सभी वाहनों के लिए टोल दरें तय कर दी हैं। जीप, वैन और लाइट मोटर व्हीकल को एकतरफा यात्रा करने पर 25 रुपए टोल देना होगा, जबकि दोनों तरफ यात्रा करने पर 35 रुपए टोल देना होगा। इनका मासिक पास 790 रुपए में बनेगा।
लाइट कमर्शियल व्हीकल को 40 रुपए देने होंगे
लाइट कमर्शियल व्हीकल, लाइट कॉमर्शियल गुड्स व्हीकल और मिनी बस के लिए एकतरफा 40 रुपए और दोनों साइड का टोल 55 रुपए टोल तय किया गया है। इनका मासिक पास 1275 रुपए में बनेगा।
बस और ट्रक (टू-एक्सल) के लिए एकतरफा 80 रुपए और दो साइड का टोल 120 रुपए तय किया गया है। इनका मासिक पास 2675 रुपए में बनेगा। तीन एक्सल कमर्शियल वाहनों के लिए एकतरफा 90 रुपए और दो साइड आने-जो का 130 रुपए टोल भरना होगा। पूरे महीने का पास बनाने के लिए इन्हें 2920 रुपए देने होंगे।
भारी निर्माण मशीनरी और मल्टी एक्सल वाहनों को एक साइड यात्रा करने पर 125 रुपए और दोनों साइड सफर करने पर 190 रुपए टोल भरना होगा। इनका मासिक पास 4195 रुपए में बनाया जाएगा।ओवर साइज व्हीकल को एक साइट का 155 रुपए और दोनों साइड का 230 रुपए टोल देना होगा। इनका पास 5110 रुपए में बनेगा।
