शिमला, सुरेन्द्र राणा: प्रदेश के स्कूलों में 31 मार्च के बाद रजिस्टर पर हाजिरी नहीं लगेगी। 98 फीसदी स्कूलों ने ऑनलाइन अटेंडेस का प्रोसेस पूरा कर लिया है और बाकि स्कूल भी अब इस दिशा में काम में जुटे हैं। ऐसे में अब पहली अप्रैल से स्कूलों में हाजिरी का मैन्यूल सिस्टम पूरी तरह से बंद हो जाएगा। समग्र शिक्षा ने सभी स्कूलों को इस बारे में निर्देश जारी कर दिए हैं। इस बारे में स्कूल रोजाना अपडेट दे भी रहे हैं। इसमें स्टूडेंट व शिक्षकों की अलग हाजिरी लग रही है। ऐप के माध्यम से किसी भी स्कूल का स्टेटस चैक किया जा सकता है।
समग्र शिक्षा निदेशक राजेश शर्मा का कहना है कि केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के मुताबिक सभी स्कूलों में शिक्षकों और छात्रों की रियल टाइम अटेंडेंस लेना जरूरी है।मोबाइल ऐप लांचविद्या समीक्षा केंद्र ने स्मार्ट उपस्थिति मोबाइल ऐप लांच की है। सभी स्कूलों को अपने शिक्षकों और छात्रों की उपस्थिति रियल टाइम देना अनिवार्य बनाया जा रहा है। इसके लिए विद्या समीक्षा केंद्र ने राज्य, जिला स्तर पर डैशबोर्ड तैयार किए हैं, जिसमें स्कूलों में शिक्षकों और छात्रों की उपस्थिति का डाटा राज्य, जिला स्तर पर ऑनलाइन अधिकारी देख सकते हैं। इसमें करीब 14 लाख छात्रों का डाटा इस पर अपलोड किया गया है।आदेश जारीविद्या समीक्षा केंद्र द्वारा पहली व दूसरी कक्षा के बच्चों के लर्निंग लेवल का मूल्यांकन संबंधी डाटा अपडेट करने के निर्देश भी जिला उपनिदेशकों और जिला कार्यक्रम अधिकारियों को दिए गए हैं।
विद्या समीक्षा केंद्र ने स्मार्ट उपस्थिति मोबाइल ऐप लांच की है। सभी स्कूलों को अपने शिक्षकों और छात्रों की उपस्थिति रियल टाइम देना अनिवार्य बनाया जा रहा है। इसके लिए विद्या समीक्षा केंद्र ने राज्य, जिला स्तर पर डैशबोर्ड तैयार किए हैं, जिसमें स्कूलों में शिक्षकों और छात्रों की उपस्थिति का डाटा राज्य, जिला स्तर पर ऑनलाइन अधिकारी देख सकते हैं। इसमें करीब 14 लाख छात्रों का डाटा इस पर अपलोड किया गया है।
आदेश जारी
विद्या समीक्षा केंद्र द्वारा पहली व दूसरी कक्षा के बच्चों के लर्निंग लेवल का मूल्यांकन संबंधी डाटा अपडेट करने के निर्देश भी जिला उपनिदेशकों और जिला कार्यक्रम अधिकारियों को दिए गए हैं।
