
शिमला, सुरेन्द्र राणा: कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि पर 20 अक्तूबर रविवार को करवाचौथ का व्रत रखा जाएगा। पति की लंबी आयु और सुखी वैवाहिक जीवन के लिए सुहागिनें करवाचौथ व्रत रखेंगी। दिनभर निर्जला व्रत रखकर रात को चंद्रमा पूजन के बाद ही व्रत खोला जाएगा। 7:48 शिमला में करवाचौथ पर शाम 7:47 बजे चांद का दीदार होगा। शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान पर करवाचौथ पर हर वर्ष की तरह हजारों महिलाएं चांद का दीदार कर व्रत खोलेंगी। इसके लिए सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद रखने के लिए पुलिस जवानों की तैनाती रहेगी। शनिवार को शहर के बाजारों में राैनक रही और मेहंदी लगवाने के लिए महिलाओं की भीड़ नजर आई।
पंडित बताते है कि करवाचौथ पर रविवार सुबह 6:46 बजे चतुर्थी तिथि लगेगी जो अगले दिन सुबह तक रहेगी। उन्होंने बताया कि सूर्योदय के बाद चतुर्थी तिथि लगने से क्षय मानी जाती है। हालांकि इसका व्रत पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है। उन्होंने बताया कि चतुर्थी तिथि में व्रत का उद्यापन किया जा सकता है। इस दिन भगवान गणेश, शिव-पार्वती और चंद्रदेव की पूजा करें। चंद्रमा को अर्ध्य देने के बाद ही व्रत खोला जाएगा। शिमला में चंद्रोदय शाम 7:47 से 7:48 बजे के बीच होगा। राम मंदिर के पुजारी पंडित रमेश शर्मा ने बताया कि करवाचौथ के दिन सूर्योदय से पहले तारों की छांव में सुहागिनों को सरगी खानी चाहिए। इसमें ड्राई फ्रूट्स, नारियल, फैनियां, दूध व फलाहार करना चाहिए। सायंकाल में करवा पूजन और नवविवाहिता अपनी सास को वस्त्र व सुहागी दें। शाम को 07:47 बजे चंद्रोदय पर ही व्रत को खोलें।
