शिमला / टांडा ब्यूरो (सुशील):
डॉ. राजेंद्र प्रसाद राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय (टांडा मेडिकल कॉलेज) में छात्रा/महिला से छेड़छाड़ के संवेदनशील मामले पर प्रदेश सरकार ने बेहद सख्त रुख अख्तियार किया है। रामपुर दौरे से वापस लौटते ही मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने घटना की गंभीरता को देखते हुए कड़ा संज्ञान लिया और आरोपी लैब असिस्टेंट को तत्काल प्रभाव से निलंबित (सस्पेंड) करने के कड़े निर्देश जारी कर दिए हैं।
अधिकारियों की लापरवाही पर जताई सख्त नाराजगी
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने इस गंभीर मामले में अब तक हुई प्रशासनिक देरी पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने दो-टूक शब्दों में कहा कि शिक्षण व चिकित्सा संस्थानों में बेटियों और महिलाओं की सुरक्षा के साथ किसी भी सूरत में समझौता नहीं किया जाएगा। मामले में लापरवाही बरतने और कार्रवाई में हीलाहवाली करने वाले संबंधित अधिकारियों के प्रति कड़ा ऐतराज जताते हुए मुख्यमंत्री ने पूरे प्रकरण में त्वरित, निष्पक्ष और प्रभावी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
दोषी किसी भी कीमत पर बख्शे नहीं जाएंगे: मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि ऐसी घटनाओं को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पीड़िता को त्वरित न्याय मिले और परिसर में सुरक्षित माहौल सुनिश्चित हो, इसके लिए प्रशासन सख्त से सख्त कदम उठाए। मुख्यमंत्री के इस कड़े रुख के बाद स्वास्थ्य विभाग और कॉलेज प्रशासन में हड़कंप मच गया है।
’पंजाब दस्तक’ के लिए सुशील की विशेष रिपोर्ट
