कांगड़ा, सुरेंद्र राणा;कांग्रेस के सभी जिला अध्यक्ष पूरी स्वतंत्रता से कार्य करें, वीआईपी कल्चर छोडक़र आम जनता से सीधे संवाद करें, धरातल पर मेहनती कार्यकर्ताओं को पहचानें। मेहनती कार्यकर्ताओं के साथ मेहनती जिला कांग्रेस अध्यक्षों को भी पूरा सम्मान दिया जाएगा, यह बात कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कांगड़ा के गुप्त गंगा में कांग्रेस जिला अध्यक्षों के लिए आयोजित 10 दिवसीय कार्यशाला के समापन में पहुंचने पर कहा। इस मौके पर उनके साथ मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, हिमाचल और विभिन्न राज्यों के वरिष्ठ कांग्रेस नेता और हिमाचल, पंजाब और जम्मू-कश्मीर राज्यों के करीब 80 जिला अध्यक्ष मौजूद रहे। राहुल गांधी ने संगठन की मजबूती के लिए आयोजित की गई इस कार्यशाला के आयोजन को सफल बनाने में कार्यरत प्रत्येक व्यक्ति के कार्य की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी की असली ताकत उसका संगठन और बूथ चलाने वाला सच्चा कार्यकर्ता है। कांग्रेस पार्टी को संगठन को मजबूत करने की दिशा में कार्य करना है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जिला अध्यक्ष एक महत्त्वपूर्ण और जिम्मेदारी भरा पद है। अगर इस पद पर एक सच्चा और ईमानदार व्यक्ति कार्य करेगा, तो वह अपने जिला के हर बूथ पर मौजूद सच्चे कार्यकर्ता की पहचान कर सकेगा। कांग्रेस जिला अध्यक्षों को उनके कार्य क्षेत्र के अंतर्गत संगठन मजबूती के लिए पूरी स्वतंत्रता से कार्य करने का अधिकार होगा।
बेहतर कार्य करने वाले जिला कांग्रेस अध्यक्षों को पार्टी में और बड़े पदों पर जिम्मेदारी दी जाएगी और बूथ पर मौजूद सच्चे ईमानदार कार्यकर्ताओं की पहचान कर उन्हें भी पूरा सम्मान मिलेगा। जिला कांग्रेस अध्यक्षों से उन्होंने समाज के प्रत्येक वर्ग को साथ लेकर चलने का आह्वान किया। उन्होंने अपने समस्त कार्यकर्ताओं और नेताओं से कहा कि वह धरातल पर लोगों से मिलकर उनकी समस्याओं को जानें और उनके अनुसार उनका समाधान करें। जिला संगठन के सभी पदों की तैनाती जिला अध्यक्ष पूरी स्वतंत्रता से करेंगे। राहुल गांधी ने कहा जिला अध्यक्ष एक जज की तरह कार्य करें, न कि एक वकील की तरह। पार्टी की मजबूती के लिए यह अत्यंत आवश्यक है कि हमारा हर बूथ मजबूत हो और इसके लिए एक ही मंत्र है, ईमानदार कार्यकर्ता की पहचान कर उसे पूरी जिम्मेदारी दी जाए और धरातल पर लोगों की समस्याओं का समाधान किया जाए। राहुल ने अपने करीब साढ़े चार घंटे के ट्रेनिंग कार्यक्रम के दौरान संगठन को मजबूत करने, मीडिया प्रबंधन, सोशल मीडिया के प्रभावी उपयोग और विपक्ष के नैरेटिव का जवाब देने के टिप्स भी दिए। राहुल गांधी ने कहा कि विपक्षी दलों के नैरेटिव का जवाब मीडिया के साथ सोशल मीडिया के माध्यम से दिया जाए।
