विशेष कवरेज: सुरेंद्र राणा (ब्यूरो चीफ)
मोहाली: भारी-भरकम टैक्स देने के बावजूद मोहाली के 8 महत्वपूर्ण सेक्टरों के निवासियों के साथ हो रहा अन्याय अब बर्दाश्त से बाहर है। प्रशासन की ढिलाई के कारण हजारों लोग रोज़ाना मानसिक और आर्थिक प्रताड़ना झेल रहे हैं।
1. 100 मीटर का झगड़ा और 5-6 किलोमीटर की बर्बादी
महज 100 मीटर के इस विवादित रास्ते के कारण सेक्टर 80, 85, 99, 100, 101, 102, 103 और 104 के हजारों परिवारों का भविष्य दांव पर लगा है। इन सेक्टरों के लोगों को एक कोने से दूसरे कोने पर जाने के लिए 5 से 6 किलोमीटर का लंबा और बेवजह का चक्कर काटना पड़ रहा है। लोग भारी टैक्स भरते हैं, लेकिन उन्हें रोज़ाना सेक्टर 67 के विशाल चौक और वहां की लंबी लाल बत्तियों के भीषण जाम में पिसना पड़ता है।
2. बड़ा खुलासा: कोर्ट से हार चुके हैं कब्जाधारी
पंजाब दस्तक के पास पुख्ता जानकारी है कि इस 100 मीटर के पैच पर अड़ंगा लगाने वाले लोग कोर्ट से केस हार चुके हैं। जब कानूनी तौर पर स्थिति साफ है, तो फिर प्रशासन किस दबाव में कार्रवाई नहीं कर रहा? करोड़ों की लागत से बना पुल 2 साल से तैयार खड़ा है, लेकिन अधिकारियों की लापरवाही से वह सफेद हाथी बन चुका है।
3. ‘हल्की डरावनी’ स्थिति और सीधी कनेक्टिविटी
बिना इस्तेमाल के इस पुल के दोनों किनारे अब टूटना और झड़ना शुरू हो गए हैं। यह मंजर वाकई हल्का डरावना है कि जनता की कमाई का पैसा बर्बाद हो रहा है। यदि यह 100 मीटर का रास्ता खुल जाए, तो लोग सीधे चंडीगढ़ और हिमाचल के लिए निकल सकेंगे और सेक्टर 67 के उस नरकीय जाम से हमेशा के लिए निजात मिल जाएगी।
आधिकारिक चेतावनी (The Command):
”भारी टैक्स देने वाली इन 8 सेक्टरों की जनता अब और इंतज़ार नहीं करेगी। जब कोर्ट का फैसला आ चुका है, तो प्रशासन का बुलडोजर खामोश क्यों है? रसूखदारों के आगे झुकना बंद करें और जनता को उनका हक दें।”
