वहीं, नगर निगम का भी अब यह कहना है कि इस पूरे मामले में मस्जिद कमेटी और वक्फ बोर्ड दोनों का पक्ष क्लियर हैं। ऐसे में अब आगामी कार्रवाई सभी पहलुओं को देखकर की जाएगी। शुक्रवार को ही मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने सचिवालय में इस मामले पर जो पार्टी मीटिंग बुलाई थी। इस मीटिंग में भाजपा की तरफ से आई आपत्ति के बाद पहले मलिकाना हक क्लियर किया जा रहा है। सरकार ने अधिकारियों को कहा है कि पहले मलिकाना हक पर स्पष्ट दस्तावेज लाएं और उसके बाद अवैध निर्माण पर कार्रवाई करें। नगर निगम के कोर्ट में इस मामले की सुनवाई पांच अक्तूबर को है, लेकिन मस्जिद को सील करने का काम उससे पहले हो सकता है। मीटिंग में शामिल रहे स्थानीय विधायक हरीश जनारथा ने बताया कि शिमला शहर में दोबारा शांति व्यवस्था भंग न हो, इसके लिए कदम उठाए जा रहे हैं। वीएचपी के दो पदाधिकारियों समेत 50 लोग नामजद संजौली मस्जिद विवाद मामले में शिमला पुलिस ने विश्व हिंदू परिषद के दो पदाधिकारियों समेत 50 आरोपियों को नामजद किया है। इसमें विश्व हिंदू परिषद के प्रान्त मंत्री तुषार डोगरा, संगठन मंत्री चंदन बोध, संजय सूद, अशोक शर्मा, भूपेंद्र, श्याम चोपड़ा, यशपाल शर्मा, खेमराज शर्मा, मुकंद वर्मा, सिमी सूद, संदीप सूद, संजय शर्मा, पारुल शर्मा, जितेंद्र, पुनिता शर्मा, लता कौशल, रीना शर्मा, इंदर चोपड़ा, राजिंंद्र सिंहा, जय लाल, सरिता वर्मा, रमन चोपड़ा, बॉबी राणा, गौरव कश्यप, अनीश चोपड़ा, संजीव ठाकुर, राजीव पंडित, अभिमन्यु, अभिषेक शर्मा, खूब चंद ठाकुर, नरेश कुमार वर्मा, नरेंद्र ठाकुर, मनीष शर्मा, अनिल, राहुल ठाकुर, तरुण पुरी, रोहित सचदेवा, योगिंद्र पुंडीर, प्रतिभा बाली, राजिंद्र, राहुल ठाकुर, शवेता चौहान, विद्या नन्द शर्मा, रंजीत सिंह बधन ऊर्फ सन्नी, तरुण राणा, आशु शर्मा, प्रेम ठाकुर, गोपाल सूद, जितेंद्र ठाकुर और पूर्ण मल शामिल हैं।