राज्यपाल की ओर से शुक्रवार रात पंजाब सरकार से 27 सितंबर के प्रस्तावित विधानसभा सत्र में कामकाज का ब्योरा मांगे जाने के तुरंत बाद मुख्यमंत्री ने ट्वीट कर एतराज जताते हुए कहा था कि यह तो हद हो गई है। शनिवार सुबह राज्यपाल ने मुख्यमंत्री के नाम पत्र भेजकर लिखा कि ‘शायद आप मुझसे बहुत ज्यादा नाराज हैं।’
राज्यपाल ने मुख्यमंत्री को संविधान के अनुच्छेद 167 और 168 में दर्ज प्रावधानों का हवाला देते हुए प्रस्तावित सत्र के कामकाज की जानकारी मांगे जाने को भी सही ठहराया। इसके कुछ देर बाद पंजाब सरकार ने भी विधानसभा के सचिव के जरिये राज्यपाल को पत्र भेजते हुए वह जानकारी उपलब्ध करा दी, जिसकी मांग उन्होंने शुक्रवार रात पत्र भेजकर की थी। अब प्रस्तावित सत्र के बारे में अगला फैसला राज्यपाल की ओर से लिया जाना है।
उधर, आम आदमी पार्टी (आप) ने राज्यपाल के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए शनिवार को उन पर राजनीति करने के गंभीर आरोप लगाए। कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने पार्टी मुख्यालय में बुलाई प्रेस कांफ्रेंस में राज्यपाल पर आरोप लगाया कि वह पंजाब में ऑपरेशन लोटस सफल बनाने के लिए भाजपा के इशारे पर काम कर रहे हैं और आप सरकार के खिलाफ भाजपा और कांग्रेस के साथ मिलकर साजिश रची गई है। एक अन्य प्रेस कांफ्रेंस में कैबिनेट मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने भी आरोप लगाया कि राज्यपाल पंजाब सरकार के कामकाज में दखल दे रहे हैं।
राज्यपाल का सीएम को पत्र- शायद आप मुझसे नाराज हैं…
राज्यपाल ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा, वह इस तरह है- आज के अखबारों में आपके बयान पढ़ने के बाद मुझे ऐसा प्रतीत होता है कि शायद आप मुझसे बहुत ज्यादा नाराज हैं। मुझे लगता है कि आपके कानूनी सलाहकार आपको सही जानकारी नहीं दे रहे हैं, इसलिए मैं आपको संविधान के अनुच्छेद 167 और 168 के प्रावधानों को पढ़ने के लिए भेज रहा हूं। इसे पढ़कर निश्चित रूप से मेरे बारे में आपकी राय बदल जाएगी।