शिमला, सुरेंद्र राणा: हिमाचल प्रदेश में भांग की खेती को सरकार वैध करने जा रही है। बीते बजट सत्र में भांग की खेती को लीगल करने का मुद्दा सदन में उठा था जिसके बाद सरकार ने पक्ष और विपक्ष के विधायकों की राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी की अध्यक्षता में कमेटी बनाई थी जिसने राज्य के सभी जिलों का दौरा कर पंचायत स्तर से जनप्रतिनिधियों के सुझाव लिए और तीन राज्यों मध्य प्रदेश ,उत्तराखंड और जम्मू कश्मीर का दौरा कर भांग की खेती को औषधीय और औद्योगिक रुप में अपनाने की बारीकियां की जानकारी ली है आज कमेटी की सचिवालय में बैठक हुई है जिसमें तय किया गया है कि कमेटी सरकार को अपनी रिपोर्ट देगी और हिमाचल में भांग की खेती को औषधीय और उद्योग के रूप में अपनाने का सुझाव देगी। जगत सिंह नेगी ने कहा कि भांग की खेती को हिमाचल प्रदेश में लीगल करने से सरकार की आय में भी वृद्धि होगी और और कानून में भी इसका प्रावधान है।
इसके अलावा आज राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने पौंग विस्थापितों को लेकर भी सचिवालय में एक बैठक की जिसमें पौंग विस्थापितों के पुनर्विस्थापन को लेकर सरकार राजस्थान सरकार से मसला उठाएगी ताकि विस्थापितों को उनका अधिकार शीघ्र मिल सके। लगभग 16 000 लोग पौंग विस्थापित है जिसमें से 8000 लोगों को पुनर्स्थापित कर दिया गया है अन्य का मसला सरकार सुलझाने का प्रयास कर रही है।
वहीं केंद्र सरकार द्वारा बुलाए गए मानसून के विशेष सत्र में वन नेशन वन इलेक्शन लाने के प्रस्ताव को लेकर जगत सिंह नेगी ने कहा कि लोकसभा चुनाव काफी नजदीक है ऐसे में भाजपा असल मुद्दों से जनता का ध्यान हटाने के लिए इस तरह की जुमलेबाजी कर रही है भारत पहले से ही एक देश है इस तरह के मुद्दों को उठाकर भाजपा राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास कर रही है।
