लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता पर सुझाव मांगे

परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और विश्वसनीयता के लिए संसद में मंथन: स्पीकर ओम बिरला ने सांसदों से मांगे रचनात्मक सुझाव

Spread the love

​विशेष रिपोर्ट: सुरेंद्र राणा (ब्यूरो चीफ, पंजाब दस्तक)
​नई दिल्ली / शिमला। देश की परीक्षा प्रणाली को और अधिक पारदर्शी, विश्वसनीय और सशक्त बनाने की दिशा में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। संसद में विषय पर चर्चा का आह्वान करते हुए स्पीकर ओम बिरला ने सभी माननीय सदस्यों से आग्रह किया है कि वे दलगत राजनीति से ऊपर उठकर राष्ट्र हित के इस संवेदनशील मुद्दे पर अपने अनुभव और रचनात्मक सुझाव साझा करें।


​कानून जितना मजबूत होगा, परीक्षा प्रणाली उतनी ही निष्पक्ष होगी
​सदन को संबोधित करते हुए लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि परीक्षा प्रणाली में विशिष्टता, शुचिता और प्रमाणिकता सुनिश्चित करना राष्ट्र हित का एक अति महत्वपूर्ण विषय है।


​स्पीकर ओम बिरला का मुख्य संदेश:
“परीक्षा प्रणाली में कड़े सुधार और धांधली पर अंकुश लगाने के लिए विधि-व्यवस्था को और सशक्त बनाना आवश्यक है। कानून जितना बेहतर और मजबूत होगा, हम देश के युवाओं के भविष्य को उतना ही सुरक्षित और निष्पक्ष बना पाएंगे।”


​संसदीय मर्यादा में सकारात्मक चर्चा का आह्वान
​ओम बिरला ने सभी सांसदों से अपील की कि इस विषय पर होने वाले विचार-विमर्श को सकारात्मक, संसदीय परंपराओं, नियमों और मर्यादाओं के अनुरूप रखा जाए। उन्होंने जोर देकर कहा कि संसद से निकला एक सकारात्मक संदेश देश के करोड़ों युवा विद्यार्थियों और परीक्षार्थियों में नया विश्वास जगाएगा।


​राजनीतिक गलियारों में स्पीकर के इस रुख की सराहना की जा रही है, क्योंकि इसका सीधा सरोकार देश के युवाओं के उज्ज्वल भविष्य और प्रतियोगी परीक्षाओं की साख से जुड़ा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *