शिमला, सुरेंद्र राणा: शिमला में नगर निगम की सैहब समिति की वार्षिक आम बैठक लंबे अंतराल के बाद आयोजित की गई, जिसमें सफाई कर्मचारियों और कूड़ा उठाने वाले कर्मचारियों के हित में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक की अध्यक्षता शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने की।इस बैठक में सैहब समिति के तहत कार्यरत कर्मचारियों की समस्याओं और मांगों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि 350 आउटसोर्स कर्मचारियों को सैहब सोसाइटी में विलय किया जाएगा, जिससे उन्हें अधिक सुरक्षा और सुविधाएं मिल सकेंगी।इसके अलावा कर्मचारियों को प्रदेश के अन्य सरकारी कर्मचारियों की तर्ज पर महंगाई भत्ता यानी डीए देने का भी फैसला लिया गया है। कार्य के दौरान दुर्घटना में मृत्यु होने पर दो लाख रुपये का मुआवजा देने की भी मंजूरी दी गई है।कर्मचारियों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए हर वार्ड में चेंजिंग रूम बनाने, साल में दो वर्दी देने, 30 लाख रुपये तक का जीवन बीमा और 2000 रुपये वार्षिक बोनस देने जैसे अहम निर्णय भी लिए गए हैं।इसके साथ ही कर्मचारियों को सालाना 7 दिन का अतिरिक्त पेड लीव देने का भी प्रावधान किया गया है, जिससे उनके कार्य परिस्थितियों में सुधार हो सके।
