कांगड़ा, ओमांश: पुलिस जिला देहरा के अंतर्गत संसापुर टैरेस पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए नवजात शिशुओं की अवैध तस्करी और बिक्री करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने पंजाब आधारित नेटवर्क से जुड़े मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है और एक नाबालिग शिशु को सुरक्षित बरामद किया है। मामला 17 फरवरी, 2026 को दर्ज शिकायत से शुरू हुआ। शिकायतकर्ता रोहित राणा ने आरोप लगाया कि दीपक आनंद नामक व्यक्ति ने नवजात शिशु को गोद दिलाने के नाम पर उससे 23500 की ठगी की। शिकायत के आधार पर संसारपुर टैरेस थाना में एफआईआर दर्ज कर तुरंत जांच शुरू की गई। जांच के दौरान साइबर सैल की मदद से आरोपी दीपक आनंद की लोकेशन जालंधर (पंजाब) में ट्रेस की गई।
पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसे जालंधर से गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश कर पांच दिन के पुलिस रिमांड पर लिया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी पंजाब स्थित एक अंतरराज्यीय गिरोह के लिए एजेंट के रूप में काम करता था। वह निसंतान या जरूरतमंद दंपतियों से संपर्क कर उन्हें अवैध तरीकों से कथित तौर पर नवजात शिशु उपलब्ध कराने का झांसा देता था। आगे की जांच में बटाला (पंजाब) की एक महिला गिरोह सदस्य और जालंधर की एक अन्य महिला को भी गिरफ्तार किया गया है। दोनों को शनिवार न्यायालय में पेश कर चार दिन का पुलिस रिमांड मिला है। पुलिस जिला देहरा अधिकारी मयंक चौधरी ने बताया कि अपराधियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जिला पुलिस प्रमुख मयंक चौधरी के अनुसार इस कार्रवाई के दौरान एक नाबालिग शिशु को सुरक्षित बचाकर किशोर न्याय बोर्ड के निर्देशानुसार विधिवत देखरेख और सुरक्षा के लिए विशेष दत्तक ग्रहण एजेंसी को सौंप दिया गया है। उन्होंने प्रारंभिक जांच के बारे में पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपी संगठित नेटवर्क के तहत नवजात शिशुओं की कथित रूप से अवैध खरीद-फरोख्त में संलिप्त थे और दत्तक ग्रहण से संबंधित कानूनी प्रक्रियाओं का उल्लंघन कर रहे थे। पुलिस अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है और पूरे रैकेट को ध्वस्त करने की कार्रवाई जारी है।
