शिमला, सुरेन्द्र राणा: सडक़ की खस्ता हालत के चलते प्रदेश हाई कोर्ट ने सनवारा टोल बैरियर/संग्रहण केंद्र को 11 नवंबर तक बंद करने के आदेश दिए हैं। हाई कोर्ट ने राज्य सरकार व राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) को कार्य पूरा करने के लिए 10 दिन का अतिरिक्त समय दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि अगर आवश्यक कार्य इस अवधि तक कर लिया जाता है, तो एनएचएआई को 12 नवंबर से टोल वसूलने की अनुमति दी जाएगी और कोर्ट के अपने 18 सितंबर, 2025 के आदेश में संशोधन किया जा सकेगा। इसके अलावा मुख्य न्यायाधीश जीएस संधावालिया व न्यायाधीश जिया लाल भारद्वाज की खंडपीठ ने राज्य सरकार को आदेश दिए कि वह राजमार्ग से बालूगंज यू-टर्न पर सुधार कार्य पूरा करें। कोर्ट ने नगर निगम शिमला को उचित कदम उठाने का निर्देश दिया, क्योंकि उक्त भाग राज्य के निवासियों के लिए एक महत्त्वपूर्ण आवागमन स्थल है, जहां एक बस स्टॉप भी है।
सडक़ पर तारकोल न बिछाए जाने के कारण भारी मात्रा में धूल और मलबा उड़ता रहता है। कोर्ट को बताया गया कि ढलान संरक्षण कार्य के लिए 41 स्थान प्रस्तावित किए गए हैं और 19 स्थानों पर कार्य पूरा हो चुका है। 10 स्थानों पर कार्य प्रगति पर है और अतिरिक्त पांच कार्यों के पूरा होने पर शुरू किया जाएगा। कोर्ट को बताया गया कि स्थानीय निवासियों के हस्तक्षेप के कारण उत्पन्न बाधाओं और रुकावटों के कारण सात स्थानों पर कार्य नहीं किया जा सका और मामला जिला प्रशासन के समक्ष उठाया गया है। वहीं कोर्ट ने निर्देश दिए कि इस कार्य को सुबह-सुबह या देर रात तक करने का प्रयास किया जाए। मामले पर सुनवाई 11 नवंबर को होगी।
