शिमला,सुरेन्द्र राणा लाहुल-स्पीति जिला की उदयपुर तहसील के मियाड़ घाटी में बुधवार दोपहर बादल फटने से करपट, छिंगुट और उदगोसे गांव गंभीर रूप से प्रभावित हुए। इस प्राकृतिक आपदा में कई स्थानों पर कृषि भूमि को नुकसान पहुंचा है। कुछ मकानों और भूमि पर खतरा उत्पन्न हो गया है। घटना की जानकारी मिलते ही उपायुक्त एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की अध्यक्ष किरण भड़ाना के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची और राहत व बचाव कार्य शुरू करवाए। इस दौरान लोक निर्माण विभाग, राजस्व विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, जल शक्ति विभाग समेत अन्य विभागों के अधिकारी व कर्मचारी सक्रिय रूप से जुट गए। प्रशासन ने प्रभावित प्रत्येक परिवार को 10000 की अंतरिम सहायता राशि प्रदान की है।साथ ही भोजन सामग्री, पेयजल और दैनिक जरूरत की वस्तुएं उपलब्ध करवाई गई। खतरे वाले क्षेत्रों से प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर अस्थायी आश्रय में शिफ्ट किया गया है। राजस्व विभाग की टीमें घरों, कृषि भूमि और अन्य संपत्तियों के नुकसान का सर्वेक्षण कर रही हैं। उपायुक्त किरण भड़ाना ने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों पर लगातार नजर रखी जा रही है और सभी विभागों को राहत व पुनर्वास कार्य तेज गति से पूरा करने के आदेश दिए गए हैं। इस मौके पर अधिशासी अभियंता पवन राणा, नायब तहसीलदार रामदयाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।लाहुल-स्पीति जिला की उदयपुर तहसील के मियाड़ घाटी में बुधवार दोपहर बादल फटने से करपट, छिंगुट और उदगोसे गांव गंभीर रूप से प्रभावित हुए। इस प्राकृतिक आपदा में कई स्थानों पर कृषि भूमि को नुकसान पहुंचा है। कुछ मकानों और भूमि पर खतरा उत्पन्न हो गया है। घटना की जानकारी मिलते ही उपायुक्त एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की अध्यक्ष किरण भड़ाना के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची और राहत व बचाव कार्य शुरू करवाए। इस दौरान लोक निर्माण विभाग, राजस्व विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, जल शक्ति विभाग समेत अन्य विभागों के अधिकारी व कर्मचारी सक्रिय रूप से जुट गए। प्रशासन ने प्रभावित प्रत्येक परिवार को 10000 की अंतरिम सहायता राशि प्रदान की है।साथ ही भोजन सामग्री, पेयजल और दैनिक जरूरत की वस्तुएं उपलब्ध करवाई गई। खतरे वाले क्षेत्रों से प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर अस्थायी आश्रय में शिफ्ट किया गया है। राजस्व विभाग की टीमें घरों, कृषि भूमि और अन्य संपत्तियों के नुकसान का सर्वेक्षण कर रही हैं। उपायुक्त किरण भड़ाना ने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों पर लगातार नजर रखी जा रही है और सभी विभागों को राहत व पुनर्वास कार्य तेज गति से पूरा करने के आदेश दिए गए हैं। इस मौके पर अधिशासी अभियंता पवन राणा, नायब तहसीलदार रामदयाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।जिला कुल्लू के उपमंडल निरमंड के श्रीखंड की पहाड़ी पर बादल फटने से नदी-नालों का पानी उफान पर रहा। ऐसे में जिला प्रशासन ने लोगों से नदी-नालों से दूर रहने की अपील की है। फिलहाल बादल फटने की घटना से कोई भी जानी नुकसान नहीं हुआ है । पहला मामला निरमंड उपमंडल के श्रीखंड की पहाड़ी में पेश आया, जहां पर शाम के समय अचानक बादल फट गया। बादल फटने से कुरपन खड्ड का बहाव काफी तेज हो गया। ऐसे में प्रशासन ने बागीपुल बाजार को खाली करवाया दिया है। बाढ़ से किनारे बनाए चार कॉटेज को नुकसान हुआ है। चार गाडिय़ां भी पानी में बह गई है। उपायुक्त कुल्लू तोरुल एस रवीश ने बताया कि प्रशासन की टीम मौके पर गई है और नुकसान का जायजा लिया जा रहा है।
