दिल्ली:पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत की तरफ से लिए गए फैसले और दबाव पडऩे की वजह से पाकिस्तान की हेकड़ी निकलती दिख रही है। पाकिस्तान ने पहलगाम आतंकी हमले की ‘तटस्थ और पारदर्शी’ जांच में शामिल होने की पेशकश की है। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा कि पहलगाम में हुई हालिया त्रासदी, निरंतर दोषारोपण के खेल का एक और उदाहरण है, जिसे पूरी तरह से खत्म किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि एक जिम्मेदार देश के रूप में अपनी भूमिका को जारी रखते हुए पाकिस्तान किसी भी तटस्थ, पारदर्शी और विश्वसनीय जांच में हिस्सा लेने के लिए तैयार है। इसके साथ ही शहबाज शरीफ ने धमकी भरा लहजा अपनाते हुए कहा कि अगर भारत ने अपने हिस्से का पानी रोक दिया, तो वे सभी विकल्प अपनाएंगे। पानी हमारी जीवन रेखा है और एक महत्त्वपूर्ण राष्टीय हित है और इसकी उपलब्धता को हर कीमत पर और हर परिस्थिति में सुरक्षित रखा जाएगा। शहबाज शरीफ ने कहा कि शांति हमारी प्राथमिकता है। पाकिस्तान किसी भी तटस्थ और संवाद में हिस्सा लेने के लिए तैयार है। हम अपनी अखंडता और सुरक्षा पर कभी समझौता नहीं करेंगे। सिंधु जल संधि पर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने कहा कि पाकिस्तान के पानी को कम करने या मोडऩे की किसी भी कोशिश का पूरी ताकत से जवाब दिया जाएगा। वहीं पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तोएबा (एलईटी) के सहयोगी संगठन द कश्मीर रेजिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) ने पहलगाम हमले के तीन दिन बाद अटैक की जिम्मेदारी लेने से इनकार कर दिया है। हमले के बाद सबसे पहले टीआरएफ ने ही इसकी जिम्मेदारी ली थी। संगठन ने कहा कि उनके डिजिटल प्लेटफॉर्म को साइबर हमला कर हैक कर लिया गया था और फर्जी संदेश डाला गया था। टीआरएफ ने भारतीय एजेंसियों पर साजिश रचने का आरोप भी लगाया और मामले की जांच शुरू करने की बात कही।
सुरक्षाबलों ने मच्छिल सेक्टर के मुश्ताकाबाद इलाके के सेदोरी नाले के घने जंगलों में एक आतंकी ठिकाने का भंडाफोड़ किया। तलाशी अभियान के दौरान सुरक्षाबलों को एक संदिग्ध जगह पर छिपाया गया हथियारों का जखीरा मिला। बरामद सामान में पांच एके-47 रायफलें, आठ एके-47 मैगजीन, 660 राउंड एके-47 गोलियां, एक पिस्टल, एक पिस्टल मैगजीन, एक पिस्टल की गोली, और 50 राउंड एम4 रायफल की गोलियां शामिल हैं। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश में हैं कि यह ठिकाना कब और किस आतंकी संगठन द्वारा तैयार किया गया था। पहलगाम अटैक के बाद पुलिस का एंटी-टेरर ऑपरेशन जारी है। सुरक्षाबलों ने अनंतनाग जिला में बड़े पैमाने पर कार्रवाई करते हुए पूछताछ के लिए करीब 175 संदिग्धों को हिरासत में लिया है। पुलिस ने बताया कि पिछले चार दिनों में अनंतनाग पुलिस, सेना, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) और अन्य एजेंसियों की संयुक्त टीमें संदिग्ध ठिकानों और सहायता नेटवर्क को निशाना बनाते हुए पूरे जिले में व्यापक घेराबंदी और तलाशी अभियान चला रही हैं। इसी बीच केंद्र सरकार ने शनिवार को देश के मीडिया चैनलों से रक्षा अभियानों और सुरक्षाबलों की आवाजाही का सीधा प्रसारण करने से बचने की सलाह दी है और कहा कि इस तरह की रिपोर्टिंग से जाने-अनजाने में दुश्मनों को मदद मिल सकती है।
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने सभी मीडिया चैनलों को राष्ट्रीय सुरक्षा के हित में रक्षा अभियानों और सुरक्षाबलों की आवाजाही का सीधा प्रसारण न करने की सलाह जारी की है।
मंत्रालय की तरफ से जारी सलाह में कहा गया है कि राष्ट्रीय सुरक्षा के हित में, सभी मीडिया प्लेटफॉर्म, समाचार एजेंसियों और सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं को सलाह दी जाती है कि वे रक्षा और अन्य सुरक्षा-संबंधी अभियानों से संबंधित मामलों पर रिपोर्टिंग करते समय अत्यधिक जिम्मेदारी का प्रयोग करें और मौजूदा कानूनों और विनियमों का सख्ती से पालन करें। पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद भारत द्वारा पाकिस्तान के खिलाफ लिए गए कठोर निर्णयों से बौखलाए पाकिस्तान की सेना ने शुक्रवार पूरी रात कश्मीर में नियंत्रण रेखा पर फायरिंग की, जिसका भारतीय सेना ने जोरदार जवाब दिया। सेना के सूत्रों ने शनिवार सुबह बताया कि पाकिस्तानी सेना ने 25 और 26 अप्रैल की दरम्यानी रात कश्मीर में नियंत्रण रेखा पर अनेक चौकियों से छोटे हथियारों से फायङ्क्षरग की। सूत्रों ने कहा कि भारतीय सेना ने भी इसके जवाब में जोरदार फायङ्क्षरग की। फायङ्क्षरग के दौरान किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। उधर, सुरक्षाबलों ने कुलगाम के कैमोह में आतंकवादियों के दो सहयोगियों को गिरफ्तार किया। इनके पास से दो पिस्टल, दो मैग्जीन, 25 राउंड और गोला-बारूद बरामद हुआ।
