चंडीगढ़, सुरेन्द्र राणा: पंजाब में बंद होने की कगार पर पहुंचे नेशनल हाईवे प्रोजेक्टों पर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की ओर से मुख्यमंत्री भगंवत मान को लिखी चिट्ठी पर कड़ा संज्ञान लेते हुए पंजाब भाजपा के उपाध्यक्ष डा. सुभाष शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार को चाहिए कि सारे अन्य गैर जरूरी काम छोडक़र पहले इन प्रोजेक्टों पर ध्यान दे।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री मान को इस बात को समझना होगा कि केंद्र सरकार पंजाब में विकास की नदियां बहाना चाहती है और आप उन नदियों के रास्ते में रोड़े अटका रहे हैं। ये रोड़े हमारे पंजाब की भावी पीढ़ी को खतरे में डाल रहे हैं, जिसके कारण 3263 करोड़ रुपये की 104 किलोमीटर की तीन परियोजनाएं रद्द हो चुकी हैं और 293 किलोमीटर लंबी और 14,288 करोड़ रुपये की लागत वाली आठ अन्य परियोजनाओं पर रद्द होने का खतरा मंडरा रहा है। डा. सुभाष शर्मा ने कहा कि सरकार को सिर्फ जमीन एक्वायर करके देनी है जिसके लिए भी उन्हें सर्विस चार्ज मिलने हैं लेकिन फिर भी सरकार खामोश है।
उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा शासन और कानून व्यवस्था की स्थिति को इस हद तक बिगडऩे दिया गया कि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की परियोजना को फिर से प्राप्त करने के लिए हस्तक्षेप करने के लिए कहने के लिए मजबूर होना पड़ा है। उन्होंने कहा कि पंजाब में बिगड़ रही कानून व्यवस्था इस बात की परिचायक है कि मुख्यमंत्री मान जिनके पास गृह मंत्रालय भी है, वह प्रदेश में संभालने में विफल हो चुके हैं। इसलिए मान को अपनी ओछी राजनीति छोडक़र कानून व्यवस्था बेहतर करने की दिशा में कदम उठाने चाहिएं।
