फरीदकोट: एक दिन पहले गांव दीप सिंह वाला में सुखबीर बादल के काफिले को घेरने की कोशिश के बाद अकाली दल व नौजवान भारत सभा के वर्करों के बीच हुई झपड़ का मामला तूल पकड़ने लगा है। रविवार को मामले में नौजवान भारत सभा, किरती किसान यूनियन, पेंडू मजदूर यूनियन के एक प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी हरजीत सिंह को ज्ञापन सौंपा और घटनाक्रम के लिए जिम्मेदार अकाली वर्करों व पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग रखी। साथ ही संगठनों ने चेतावनी दी कि यदि पुलिस प्रशासन की ओर से कार्रवाई नहीं की गई तो संघर्ष करने से पीछे नहीं हटेंगे।
इस मौके पर प्रतिनिधिमंडल की अगुवाई कर रहे किरती किसान यूनियन के प्रांतीय महासचिव राजिंदर सिंह दीप सिंह वाला ने कहा कि सारा घटनाक्रम साजिश के तहत अंजाम दिया गया। उनके संगठनों का सुखबीर बादल के विरोध करने का कोई कार्यक्रम नहीं था, इसके बावजूद पुलिस ने फरीदकोट की अदालत में पेशी भुगतने आए नौजवान सभा के दो नेताओं को बिना कारण के हिरासत में लेकर थाने में बंद किया। इससे पहले गांव दीप सिंह वाला के अकाली सरपंच ने नौजवान सभा के नेता नौनिहाल सिंह को फोन कर जानकारी भी ली और किसी तरह का कार्यक्रम न होने की बात करने के बावजूद पुलिस ने उनके साथियों को पकड़ा।
इस सूचना के बाद गांव दीप सिंह वाला में एकत्रित वर्करों से अकाली वर्करों ने पुलिस की हाजिरी में बुरी तरह पिटाई की। संगठनों के ज्ञापन के माध्यम से नौजवानों को हिरासत में लेने वाले डीएसपी, मारपीट करने वाले अकाली वर्करों समेत गांव के सरपंच और मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग रखी। उधर, डीएसपी पलविंदर सिंह ने कहा कि एसएसपी ने जांच के आदेश जारी कर दिए हैं और घटनाक्रम में घायल नौजवान का बयान दर्ज किया जा रहा है, जिसके आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
