नाइजीरिया में ATR-42 विमान हादसे के बाद दुर्घटनास्थल पर मलबा

धमाके के साथ आग का गोला बना नाइजीरियाई वायुसेना का ATR-42 विमान: 32 जिंदगियां लील गया भीषण हादसा, तटीय दलदल में बिखरा मलबा

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​पंजाब दस्तक
नई दिल्ली ब्यूरो से वरिष्ठ पत्रकार राघवेंद्र नारायण शुक्ला की रिपोर्ट


​नई दिल्ली: अंतरराष्ट्रीय पटल से इस वक्त की सबसे दिल दहला देने वाली खबर सामने आ रही है। पश्चिम अफ्रीकी देश नाइजीरिया में एक दर्दनाक विमान हादसे ने पूरी दुनिया को सन्न कर दिया है। नाइजीरियाई वायुसेना का एक दो-इंजनों वाला एटीआर-42 (ATR-42) विमान दक्षिण-पश्चिमी ओंडो राज्य के आसमान में अचानक नियंत्रण खोकर धड़धड़ाते हुए सीधे दलदली जमीन पर गिर पड़ा। टक्कर इतनी जोरदार थी कि विमान के परखच्चे उड़ गए। विमान में सवार 25 मुसाफिरों और 7 क्रू मेंबर्स समेत कुल 32 लोगों की इस भयावह हादसे में मौत तय मानी जा रही है।


​बेनिन सिटी से भरी थी उड़ान, 8:13 GMT पर टूटा संपर्क
नाइजीरिया के नागरिक उड्डयन मंत्री फेस्टस कियामो के हवाले से मिली पुख्ता जानकारी के मुताबिक, यह विमान बेनिन सिटी से आर्थिक राजधानी लागोस के लिए एक रूटीन मिलिट्री मिशन पर रवाना हुआ था। उड़ान भरने के कुछ ही मिनटों बाद सुबह लगभग 8:13 GMT पर एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) के रडार स्क्रीन से विमान का सिग्नल अचानक गायब हो गया। कंट्रोल रूम से बार-बार संपर्क साधने की कोशिश की गई, लेकिन उधर से सिर्फ सन्नाटा पसरा रहा। इसके चंद मिनटों बाद ही ओंडो राज्य के इकबो कोडा इलाके से विमान के तबाही की पहली खबर आई।


​नावों से चलाया गया रेस्क्यू, तटीय इलाके में तैरते मिले अवशेष
दुर्घटनास्थल कोई आम मैदानी इलाका नहीं बल्कि नदियों और दलदलों से घिरा तटीय क्षेत्र (कोस्टल एरिया) था। खबर मिलते ही स्थानीय प्रशासन, वायुसेना और रेस्क्यू टीमों ने नावों के सहारे मोर्चा संभाला। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो बयां कर रहे हैं कि किस तरह स्थानीय ग्रामीण और बचावकर्मी कीचड़ और पानी के बीच मलबे को खंगाल रहे हैं। हादसे की तीव्रता को देखते हुए अधिकारियों ने साफ कर दिया है कि मलबे के ढेर में किसी के भी सांस लेने की गुंजाइश नहीं बची है।


​’लगा आसमान से कोई पहाड़ गिरा’—प्रत्यक्षदर्शी ने बताई दास्तान
हादसा स्थल से महज एक किलोमीटर दूर रहने वाले 39 साल के स्थानीय नागरिक दाईओ अकिंटे ने खौफनाक मंजर बयां करते हुए बताया, “हम अपने घरों में थे कि अचानक कानफोड़ू धमाका हुआ। लगा जैसे आसमान में बादल नहीं, कोई जलता हुआ पहाड़ फट पड़ा हो। जब हम भागकर किनारे पहुंचे तो हर तरफ धुआं और चीख-पुकार का माहौल था।”


​राष्ट्रपति बोला अहमद टिनूब ने जताया गहरा शोक
हादसे के बाद नाइजीरियाई हुकूमत में मातम पसर गया है। देश के राष्ट्रपति बोला अहमद टिनूब ने इस भीषण क्षति पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए राष्ट्र के नाम शोक संदेश जारी किया है और जान गंवाने वाले सभी 32 सैन्य व असैन्य कर्मियों के परिजनों के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट की हैं। वायुसेना मुख्यालय ने हादसे के पीछे तकनीकी खराबी थी या कोई मानवीय चूक, इसकी उच्चस्तरीय जांच बैठा दी है।


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