शिमला, सुरेंद्र राणा: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में आज प्रदेश सचिवालय में राजस्व विभाग ने आपदा प्रबन्धन और सार्वजनिक एवं निजी सम्पत्ति को हुए नुकसान पर एक विस्तृत प्रस्तुति दी। बैठक में बैठक में विभिन्न विभागों में कई पद भरने का भी फैसला हुआ है।
कैबिनेट के निर्णयों की जानकारी देते हुए उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने बताया कि बैठक में स्वर्ण जयंती ऊर्जा नीति में संशोधन का निर्णय लिया गया है। *इसके तहत समझौता ज्ञापन 40 वर्षों के लिए होगा और रॉयल्टी की दरें 12 वर्ष के लिए 15 प्रतिशत, अगले 18 वर्षों के लिए 20 प्रतिशत तथा शेष 10 वर्षों के लिए 30 प्रतिशत होंगी।* इसके उपरांत परियोजना राज्य सरकार को बिना किसी लागत तथा सभी तरह की देनदारियों और ऋण भार से मुक्त वापिस मिल जाएगी। हालांकि, बढ़ी हुई अवधि के लिए राज्य को अदा की जाने वाली रॉयल्टी 50 प्रतिशत से कम नहीं होगी। बैठक में 210 मेगावाट क्षमता की लुहरी चरण-1, 66 मेगावाट क्षमता की धौलासिद्ध, 382 मेगावाट क्षमता की सुन्नी बांध तथा 500 मेगावाट क्षमता की डुगर जल विद्युत परियोजना के लिए सतलुज जल विद्युत निगम एवं एन.एच.पी.सी को प्रदत्त बाधा रहित निःशुल्क विद्युत रॉयल्टी की छूट वापस लेने का भी निर्णय लिया गया। *मंत्रिमण्डल ने जल विद्युत परियोजनाओं से लिए जाने वाले जल उपकर की दरों का युक्तिकरण करने का भी निर्णय लिया।
बैठक में हिमाचल प्रदेश विधवा पुनर्विवाह योजना के अन्तर्गत प्रदान की जाने वाली वित्तीय सहायता 65 हजार रुपये से बढ़ाकर 2 लाख रुपये करने को भी स्वीकृति प्रदान की गई। *मंत्रिमण्डल ने वर्ष 2023-24 के लिए राज्य में मण्डी मध्यस्थता योजना के अन्तर्गत सेब, आम और नींबू प्रजाति के फलों के समर्थन मूल्य में बढ़ौत्तरी करने का भी निर्णय लिया। इसके तहत अब सेब और आम का समर्थन मूल्य 10.50 रुपये के बजाय 12 रुपये प्रति किलोग्राम होगा। इसके अतिरिक्त किन्नू, माल्टा और संतरे के लिए समर्थन मूल्य 9.50 रुपये से बढ़कर 12 रुपये प्रति किलोग्राम जबकि नींबू एवं गलगल का समर्थन मूल्य आठ रुपये से बढ़कर 10 रुपये प्रति किलोग्राम हो जाएगा।* मनरेगा के तहत 15 अगस्त, 2023 से गैर जनजातीय क्षेत्रों में दिहाड़ी की दरें 224 रुपये बढ़ाकर 240 रुपये करने तथा जनजातीय क्षेत्रों में 280 रुपये से बढ़ाकर 294 रुपये करने को भी स्वीकृति प्रदान की।
बैठक में राज्य में सफाई कर्मियों को स्वास्थ्य बीमा प्रदान करने के लिए उन्हें आयुष्मान भारत योजना के तहत शामिल करने का निर्णय लिया गया। बैठक में 874 पद पटवारी के भरने के निर्णय लिया है।
बैठक में ग्रामीण विकास विभाग में जूनियर ऑफिस एसिस्टेंट (आईटी) के 35 पद भरने का निर्णय लिया गया।
मंत्रिमण्डल ने शिक्षा विभाग में 31 मार्च, 2023 और 30 सितम्बर, 2023 तक संयुक्त रूप से 11 वर्ष की दैनिक भोगी और अंशकालिक सेवाओं को पूर्ण करने वाले अंशकालिक जलवाहकों की सेवाओं को नियमित करने की स्वीकृति प्रदान की।
राज्य सरकार ई-टैक्सी खरीदने के लिए 50 प्रतिशत उपदान प्रदान करेगी। यह निर्णय वाहन प्रदूषण को कम करने तथा हरित राज्य बनने की ओर आगे बढ़ने में दूरगामी भूमिका निभाएगा।
