शिमला,sure Dr
शिमला, सुरेन्द्र राणा: कांग्रेसस के वरिष्ठ नेता शिमला आकर नेताओं के साथ बैठक करेंगे। सूत्रों के अनुसार विशेष रूप से अजय माकन को यहां प्रदेश प्रभारी रजनी पाटिल के साथ भेजा जा रहा है, जो यहां नेताओं से मुलाकात करेंगे और सरकार व संगठन के बीच तालमेल को लेकर यहां चर्चा हो सकती है। इसके बाद माकन अपना फीडबैक दिल्ली में देंगे, लेकिन इससे पहले मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू भी दिल्ली जा रहे हैं, जो वहां आला नेताओं से मुलाकात करेंगे। उनका तीन-चार दिन दिल्ली का कार्यक्रम है, लिहाजा इस दौरान वह संगठन से जुड़े मसलों पर चर्चा कर सकते हैं, वहीं सरकार में ताजपोशियों को लेकर भी बात होगी। फिलहाल अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के कोषाध्यक्ष व कांग्रेस कार्य समिति सदस्य अजय माकन 29 मई को शिमला आएंगे। कांग्रेस पार्टी की 30 मई को शिमला में ‘जय हिंद सभा’ होगी। शिमला में माकन पार्टी नेताओं के साथ बैठक भी करेंगे। कांग्रेस पार्टी की जय हिंद सभा में भाग लेने के लिए पार्टी हाइकमान ने उनकी ड्यूटी शिमला में लगाई है। उनके साथ कांग्रेस प्रदेश मामलों की प्रभारी रजनी पाटिल भी होंगी।रजनी पाटिल भी 29 को शिमला आएंगी। अभी दोनों नेताओं का आधिकारिक कार्यक्रम नहीं आया है। गौर हो कि कांग्रेस अपनी शिमला में होने वाली जय हिंद सभा के जरिए जहां लोगों को बताएगी कि पाकिस्तान के खिलाफ कांग्रेस की विदेश नीति अपनी सरकारों के समय में क्या रही है, वहीं शिमला में भारत-पाकिस्तान के बीच हुए शिमला समझौते की यादों को भी साझा करेगी। यही एक मकसद है कि एडवांस्ड स्टडी, जहां पर शिमला समझौता हुआ था, उसके नजदीक पीटरहॉफ में कांग्रेस अपनी जय हिंद सभा करेगी।
हिमाचल कांग्रेस पूर्व सैनिक विभाग पर इस कार्यक्रम को सफल बनाने का जिम्मा रहेगा। कार्यक्रम के लिए पार्टी की ओर से जल्द ही नेताओं की ड्यूटियां लगाई जाएंगी। कार्यक्रम का समन्वयक किसी मंत्री को बनाया जा सकता है। हर्षवर्धन चौहान व जगत सिंह नेगी को इस कार्यक्रम के लिए जिम्मेदारी दी जा सकती है।सैनिकों की वीरता को सलाम करेगी कांग्रेस अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की ओर से सशस्त्र बलों के सम्मान में 20 से 30 मई तक देश के 15 स्थानों पर जय हिंद सभा का आयोजन किया जा रहा है। सशस्त्र बलों की सर्वोच्च वीरता और सफलता को सलाम करने के लिए ये कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। दिल्ली, बाड़मेर, शिमला, हलद्वानी, पटना, जबलपुर, पुणे, गोवा, बेंगलुरु, कोच्चि, गुवाहाटी, कोलकाता, हैदराबाद, भुवनेश्वर और पठानकोट में जय हिंद सभाएं आयोजित होंगी, जिनमें पूर्व सैनिक, पार्टी नेता और आम जनता शामिल होगी।
